Saturday, March 7, 2020

कोरोना वायरस? ????...

        कोरोना वायरस से बचने के उपाय  :- 
दोस्तों नमस्कार , जैसा की आप सब को पता ही है कि चीन में कोरोना वायरस से हजारों  लोग मर चुके है और इस वायरस के लक्षण भारत में भी देखे गए है मई कोई डॉक्टर नहीं हूँ मगर में जनता हूँ की क्या कर  और क्या न कर के  हम इस वायरस से बच सकते हैं
आओ पहले हम जान लेते है.
 क्या है ?
चीन में फैले इस  वायरस की सुरुवात पक्षी के लार से हुए है  चमकादड़  के मीट से हुए है  सरल भाषा में कुछ  टोक्सिनों के आपसी मिल जाने से हुए है।
 (सीओवी) का संबंध वायरस के ऐसे परिवार से है, जिसके संक्रमण से जुकाम से लेकर सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्या हो सकती है. इस वायरस को पहले कभी नहीं देखा गया है. इस वायरस का संक्रमण दिसंबर में चीन के वुहान में शुरू हुआ था. डब्लूएचओ के मुताबिक, बुखार, खांसी, सांस लेने में तकलीफ इसके लक्षण हैं. अब तक इस वायरस को फैलने से रोकने वाला कोई टीका नहीं बना है.
क्या हैं इस बीमारी के लक्षण? -इसके संक्रमण के फलस्वरूप बुखार, जुकाम, सांस लेने में तकलीफ, नाक बहना और गले में खराश जैसी समस्या उत्पन्न होती हैं. यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है. इसलिए इसे लेकर बहुत सावधानी बरती जा रही है. यह वायरस दिसंबर में सबसे पहले चीन में पकड़ में आया था. इसके दूसरे देशों में पहुंच जाने की आशंका जताई जा रही है. क्या हैं इससे बचाव के उपाय?       
कोरोना वायरस को कोविड 19 कहते है 
आप कोरोना से संक्रमित व्यक्ति की पहचान कर लें, यह जरूरी नहीं है, कोरोना से संक्रमण के लक्षण आम सर्दी-जुकाम की तरह ही होते हैं. कोविड 19 की पहचान लैब में जांच के बाद ही की जा सकती है.
  
स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने कोरोना वायरस से बचने के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं. इनके मुताबिक, हाथों को साबुन से धोना चाहिए. अल्‍कोहल आधारित हैंड रब का इस्‍तेमाल भी किया जा सकता है. खांसते और छीकते समय नाक और मुंह रूमाल या टिश्‍यू पेपर से ढककर रखें. जिन व्‍यक्तियों में कोल्‍ड और फ्लू के लक्षण हों उनसे दूरी बनाकर रखें. अंडे और मांस के सेवन से बचें. जंगली जानवरों के संपर्क में आने से बचें.

स्वास्थ्य अधिकारियों के लिए इसे फैलने से रोकना एक बड़ी चुनौती बन गई है. हालांकि, चीन इसे रोकने के लिए हर मुमकिन कोशिश कर रहा है. इसे दुनिया भर में कोरोना वायरस के केस लगातार सामने आने के बाद विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी डब्लूएचओ ने कोरोना वायरस को अंतर्राष्ट्रीय आपातकाल घोषित किया है.

कोरोना का वायरस कहीं भी पहुंच सकता है, जब तक इसकी राह में कोई बाधा नहीं आये. जब हम छींकते हैं या खांसते हैं तो हमारे मुंह से कुछ बूंदें गिरती हैं. अगर इनकी राह में कुछ नहीं आये तो ये सीधे जमीन पर पहुंच सकती हैं. कोरोना का वायरस आपके शरीर में तभी पहुंच सकता है जब यह आपके आंख, नाक या मुंह में पहुंचे. कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि कोरोना के संक्रमण की प्रमुख वजह खांसना या छींकना ही है. किसी व्यक्ति के बहुत करीब जाकर बात करने या साथ खाना खाने से भी कोरोना का वायरस फ़ैल सकता है. एक विशेषज्ञ ने कहा, "अगर आप किसी व्यक्ति के इतने करीब हैं कि उनके मुंह से आपको लहसुन या अदरक की खुशबू आ रही है तो किसी संक्रमित व्यक्ति से आपके शरीर में भी कोरोना का वायरस पहुंच सकता है." विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रवक्ता ने कहा, "किसी बीमार व्यक्ति से कम से कम तीन फीट की दूरी पर रहना ठीक है."
 कोरोना वायरस से बचने के लिए हमरे पास बहुत  उपाय है जिस को हम इस्तेमाल कर के इस वायरस से बच सकते हैं। 
उपाय तो बहुत हैं  बस हमें कुछ सावधानियां अपनानी होंगीं
  • हमें अपनी और अपने चारों ओर की सफाई रखनी चाहिए।
  • हमें अपने हाथों को साबुन या ऐंटी शेफ्टीक केमिकल से धोने चाहिए। 
  • किसी भी अनजान लोगों से दूर ही रहने चाहिए।   
  • दोस्त या किसी से मिलते समय हाथ न मिला कर नमस्कार कर के ही औपचारिकता निभानी चाहिए।
  • हमें ठंडे खान पान से दूर रहना चाहिए। 
  • जितना हो सके गर्म चीजों का सेवन करना चाहिए। 
  • मीट ,मुर्गा ,और जानवरों के मांस से जितना हो सके दुरी बनाये रखनी चाहिए। 
  • पालतू जानवर हैं तो भी  थोड़ा सावधानी से ही काम करना चाहिए। 
हमें उपाय तो करने ही हैं मगर हमें  उपायों के साथ साथ कुछ आयुर्वेदिक उपाय भी करे तो ये कोरोना वायरस हमरे पास कभी फटक ही नहीं पायेगा और इस के बारे में सब को बताना भी चाहिए।
बाबा रामदेव जी ने कुछ योग और आयुर्वेद तरिके भी बताये हैं। ---
  • कपाल भाति 
  • अनुलोम बिलोम 
  • भस्त्रिका 
  • बाह्य प्रणायाम 
  • ब्रामिका 
ये पाचं प्राणायाम है जो हमे रोज करने चाहिए   रोज  करने से हमारे शरीर में इम्युनिटी पावर बढ़ती है जिस से ये वायरस हमरे पास भटक   भी नहीं सकता  ये वायरस बहुत ही कमजोर है  है इस को ख़त्म करने का अभी तक उपाय नहीं  हैं हाँ अगर किसी को यह वायरस हुवा है तो सबसे है हमें आयुर्वेदिक उपाय करने चाहिए  जो इस  प्रकार हैं। 
  • गिलोय का काढ़ा एक चम्मच तीन बार। 
  • तुलसी की दो बून्द दो बार। 
  • एलोवेरा दो चम्मच दो बार। 
  • आवंला दो चम्मच। 
इन सब को रोज गर्म पानी के साथ लेना है और डॉक्टर की सलाह भी लेनी जरूरी है.
                                                                                                       मोहन नेगी  




                                       गिलोय। .... आम भाषा में गुर्जा की बेल 










Labels: , ,

2 Comments:

At March 8, 2020 at 3:28 AM , Blogger Vinay Nautiyal said...

nice.................but treatment ki koi guaranty nhi hai

 
At March 8, 2020 at 11:52 PM , Blogger negi shop said...

Yes sir guaranty nhi h but .Corona ka virus bhut kmjor hota h .. es ko hum ye ...Jo mene btae h en ko krne se hi. ..virus aayega hi nhi
Or ha es virus ki antdose bni hi nhi h ..to Hume bchav krne chahiye ..phle hi

 

Post a Comment

Subscribe to Post Comments [Atom]

<< Home